SP Kunwar Rashtradeep

हिस्ट्रीशीटर विक्रम शर्मा हत्याकांड का खुलासा SP Kunwar Rashtradeep ने किया खुलासा

न्यूज़ डेस्क :- अजमेर (दिलीप शर्मा) दिनांक 22 जुलाई को हुई SP Kunwar Rashtradeep की हत्या की वारदात का आखिर छह-सात दिन बाद खुलासा हो ही गया। वारदात का खुलासा करते हुए एसपी कुंवर राष्ट्रदीप ने बताया कि यह वारदात वरुण चौधरी के द्वारा ही करवाया गया था ।इस वारदात में करीब 8 से 10 लोग शामिल हुए थे। जिनमें तीन से चार लोगों ने विक्रम शर्मा पर फायरिंग की थी ।इनमें से आरोपी मोहित सोनी और चंद्रेश उर्फ़ चिंटू को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है यह लोग लगभग छह-सात दिन से विक्रम शर्मा पर पूरी नजर लगाए हुए थे साथ ही मौका पाकर विक्रम शर्मा को निशाना बनाया ।व उस दिन से आरोपी फरार हो चुके थे। आगे की कार्रवाई जारी है।

शर्मा के खून का प्यासा था वरूण चोधरी

अपने चाचा धमेन्द्र चौधरी की मौत का बदला लेने के लिए विक्रम शर्मा के खून का प्यासा बन चुका था वरूण चौधरी। 30 नवंबर 2019 को दिल्ली पुलिस की स्पेशल टीम ने वरूण चौधरी,जीतराम चौधरी और सोहनलाल को छह पिसटल व 57 जिन्दा कारतूस के साथ गिरफतार किया था। तब वरूण ने दिल्ली पुलिस को बताया था कि उसके विक्रम शर्मा को मारने के लिए दिल्ली से हथियार खरीदने की बात उजागर की थी,लेकिन उस समय मकसद में कामयाब नहीं हो सका। विक्रम शर्मा ने धमेनद्र चौधरी के माध्यम से अलवर,धौलपुर भरतपुर के बदमाशों को अपने साथ लेकर जमीनों पर कब्जे कर करोडो रूपए कमाए। प्रॉपर्टी को लेकर बाद में शर्मा का चौधरी से विवाद होने पर दोनों अलग हो गए।

SP Kunwar Rashtradeep
file photo ajmer

शर्मा ने राकेश मीणा और संजय मीणा को लेकर अलग गैंग बना विवादित जमीनों पर कब्जे शुरू कर दिए। इनसे धमेनद्र की कई बार मुठभेड हो चुकी थी।शर्मा गुट ने 10 नवंबर 2016 में चौधरी की हत्या के लिए शाम का समय चुना। यहर समय था जब चौधरी अकेला और बिना हथियार के इंडोर स्टेडियम से बाहर आता था,गोली मारकी हत्या कर दी। हथियार तसकरी से प्रॉपर्टी कोराबार तक जिला पुलिस में सिपाही के पद पर भर्ती हुए धमेन्द्र चौधरी को 1998 में सिविल लाइन थाना पुलिस ने तसकरी के हथियार समेत पकडा था।

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इस मामले में जेल से बाहर आते ही धमेन्द्र का सबसे पहले विक्रम शर्मा से बस स्टेंड के सामने सिथत करोडो की जमीन पर कब्जे को लेकर विवाद पनपा। धमेन्द्र और उसके भतीजे वरूण ने वर्ष 2011 में शर्मा पर जानलेवा हमला किया। शर्मा ने 2013 में वरूण पर जानलेवा हमला किया। वरूण ने अपने चाचा की मौत का बदला लेने के लिए मुदगं सिनेमा के बाहर शर्मा व संजय मीणा गिरोह केरामकेश मीणा की फिल्मी सटाइल में गोली मारकर हत्या कर दी। धमेन्द्र हत्याकांड में जेल में रहते पैसों के लेने देने को लेकर संजय मीणा और उसका साला रजत मीणा की विक्रम शर्मा से अदावत शुरू हो चुकी थी। पुलिस यह पता लगाने में जुटी थी कि शर्मा को मीणा ने मारा है या चौधरी गैंग ने। आखिर पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली। विक्रम चौधरी के द्वारा ही करवाई गई थी वारदात

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