REET Level 2 Exam

REET Level 2 Exam रद्द, अब दो चरणों में होगी परीक्षा, लेवल-1 और लेवल-2 मिलाकर 62 हजार पदों पर होगी भर्ती

REET Level 2 Exam 

Rajasthan REET Paper Leak Case: रीट पेपर लीक मामले में राजस्थान सरकार (Rajasthan Government) ने बड़ा फैसला लिया है. सीएम अशोक गहलोत (Ashok Gehlot) ने लेवल टू रीट परीक्षा रद्द करने की घोषणा की और ये भी जानकारी दी कि लेवल टू की शिक्षक भर्ती परीक्षा दोबारा आयोजित की जाएगी. सरकार अब जल्द घोषणा करेगी कि रद्द परीक्षा को कब आयोजित किया जाएगा.

राजस्थान सरकार ने REET पेपर लीक मामले में बड़ा फैसला लिया है. मुख्यमंत्री अशोक गहलाेत ने कैबिनेट की बैठक के बाद ये फैसला लिया की रीट की लेवल-2 परीक्षा रद्द कर दी जायेगी. राजस्थान की सबसे बड़ी परीक्षा को रद्द कर दिया गया है. मुख्यमंत्री ने यह घोषणा करते हुए कहा कि लेवल-1 की परीक्षा निरस्त नहीं की जायेगी. रीट में अब केवल 62 हजार भर्तियां होंगी. लेवल-2  REET Level 2 Exam रद्द, की जो परीक्षा निरस्त हुई है, उसे अगस्त 2022 तक आयोजित किये जाने की संभावना है

ख्यमंत्री अशोक गेहलोत ने ट्वीट करते हुए लिखा, “मुख्यमंत्री निवास पर आयोजित कैबिनेट बैठक में REET लेवल-2 की परीक्षा को रद्द करने का फैसला किया है. लेवल-1 की प्रक्रिया पूर्ववत जारी रहेगी. अब दोनों लेवल मिलाकर कुल 62,000 पदों के लिए भर्ती होगी. युवा निश्चिंत रहें, प्रदेश सरकार उनके हित में पूरी तरह साथ खड़ी है.”

अब दो चरणों में होगी भर्ती परीक्षा
गहलोत ने कहा कि रीट लेवल वन और लेवल 2 REET Level 2 Exam रद्द, मिलाकर कुल 62 हजार हो जाएगी. लेवल वन के 15 हजार पद अलग रह जाएंगे. पहले की तरह ही एलिजिबिलिटी टेस्ट लेंगे. वेलिडिटी आजीवन ही रहेगी. विषयवार अलग से एग्जाम करवााए जाएंगे. एलिजिबिलिटी टेस्ट के बाद भर्ती परीक्षा होगी.

कमेटी की रिपोर्ट के बाद एग्जाम की तारीख की घोषणा
मई के बाद एक माह बाद खिसक जाएगा. जस्टिस व्यास की अध्यक्षता वाली कमेटी की 15 मार्च तक रिपोर्ट आएगी. रिपोर्ट मिलते ही एग्जाम की तारीख बता देंगे. विधानसभा सत्र में कड़ा कानून लेकर आएंगे.

गौरतलब है कि 26 और 27 सितंबर को इस परीक्षा को आयोजित किया गया था. इसमें करीब 23 लाख से अधिक अभ्यर्थियों ने परीक्षा दी थी. REET कुल 32 हजार पदों के लिए हुई थी. लेवल-1 के 15 हजार 500 और लेवल-2 के 16 हजार 500 पद थे, लेकिन परीक्षा से पहले ही पेपर लीक हो गया था. इसके बाद यह 33 से ज्यादा सेंटर पर पहुंचा. गंगापुर सिटी से पहली बार पेपर लीक का मामला सामने आने के बाद एसओजी ने इसकी जांच शुरू की तो सामने आया कि शिक्षा संकुल से पेपर लीक हुआ. एसओजी रामकृपाल, उदयलाल, भजनलाल, बत्तीलाल और पृथ्वीलाल समेत 35 से ज्यादा लोगोंं को गिरफ्तार कर चुकी है.

यह भी पढ़े:- सबकी फेवरेट 2022 Mahindra Bolero हो गई और भी ज्यादा सुरक्षित, उड़ा देगी सबके होश?

ससे पूर्व रीट पेपर लीक का मामला सामने आने के बाद सरकार लगातार घिरती नजर आ रही थी. बीजेपी की ओर से लगातार परीक्षा रद्द करने की मांग की जा रही थी. इसी बीच सोमवार को मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में कई बड़े फैसले किए हैं. कैबिनेट में रीट सहित कई मुद्दों पर चर्चा की गई.

मुख्यमंत्री ने प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि बीजेपी को तीन साल के कांग्रेस के शासन से फ्रस्ट्रेशन हो गया है, अब तो बीजेपी हाईकमान भी स्थानीय इकाई को कह रहा है कि आप कर क्या रहे हो. आम जनता हमारे फैसलों से खुश है। हमारे कोरोना से लेकर हर फैसले शानदार रहे हैं. नॉन इश्यु को इश्यू बनाने का बीजेपी ने धंधा खोलकर रखा है. मुख्यमंत्री ने कहा कि पूरे देश में भर्ती परीक्षाओं के पेपर लीक हो रहे हैं, यह देखने की जरूरत है कि पेपर लीक क्यों हो रहे हैं. इसे रोकना चाहिए. पूरे देश में पेपर लीक करने वाला गिरोह सक्रिय है

गहलोत ने कहा कि पेपर आउट होने के हालात चिंताजनक है. महंगाई के बाद रोजगार की हालत विस्फोटक बनी हुई है. बिहार में ट्रेन जला दी. बहुत सालों बाद ऐसा हुआ। यह सरकारों के लिए अच्छे संकेत नहीं हैं. नौकरी मिल नहीं रही, इंवेस्टमेंट नहीं आ रहा. जब इंवेस्टमेंट नहीं आएगा तो प्राइवेट सेक्टर में नौकरी कैसे आएगी. हम सरकारी और प्राइवेट सेक्टर में नौकरी देने का प्रयास कर रहे हैं.

यह भी पढ़ें: डॉन दाऊद इब्राहिम को पकड़ने का नया प्लान तैयार

यह भी पढ़ें: UP Elections: सपा ने जारी की प्रत्याशियों की सूची, योगी के खिलाफ उतारी महिला

भाजपा की हरकतों से तंग आ गए
मुख्यमंत्री ने कहा कि हम इस फैसले से खुश नहीं हैं, लेकिन भाजपा की हरकतों से तंग आ गए हैं. जिस तरह का माहौल बनाया है, वह राज्य के लिए ठीक नहीं है। हमने बच्चों के भविष्य के लिए यह फैसला किया है.

अब तक 35 से ज्यादा गिरफ्तारी
एसओजी रीट पेपर लीक मामले में अब तक 35 से ज्यादा लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है. इसकी आंच माध्यमिक शिक्षा बोर्ड तक भी पहुंच गई थी. इसके बाद चेयरमैन डीपी जारौली को बर्खास्त करना पड़ा. जबकि सचिव को निलंबित किया गया. को-ऑर्डिनेटर प्रदीप पाराशर को एसओजी पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है. पेपर लीक का कनेक्शन जयपुर से बाड़मेर और जालोर तक पहुंच गया है

यह भी पढ़े:-  ये भारत की सबसे सस्ती Electric Cars हैं, जो एक बार चार्ज करने पर कई सौ किमी की रेंज देती हैं

लेटेस्ट न्यूज़ अपडेट पाने के लिए –
आवाज़ इंडिया न्यूज़ के समाचार ग्रुप Whatsapp से जुड़े
आवाज़ इंडिया न्यूज़  के समाचार ग्रुप Telegram से जुड़े
आवाज़ इंडिया न्यूज़ के समाचार ग्रुप Instagram से जुड़े
आवाज़ इंडिया न्यूज़ के समाचार ग्रुप Youtube से जुड़े
आवाज़ इंडिया न्यूज़ के समाचार ग्रुप को Twitter पर फॉलो करें
आवाज़ इंडिया न्यूज़ के समाचार ग्रुप Facebook से जुड़े’

Leave a Reply

Your email address will not be published.